Home News राष्ट्रीय अपनी बात – गिरीश मिश्र ;- मोढ़ेरो को अमेरिका उठाकर ले गया...

अपनी बात – गिरीश मिश्र ;- मोढ़ेरो को अमेरिका उठाकर ले गया – उत्साहीलाल हिन्दुस्तान में उम्मीद कर रहे हैं या तो यहाँ से कोई कहे आओ ठाकुर या फिर हमारा धुरंधर रहमान डकैत को जैसे ठोका वैसे सबको ठोके अंदर और बाहर।

137
0

जयचंद और मीर जाफर या भूतपूर्व रॉ एजेंट रविंद्र या फिर आज के दौर में देश के भीतर पनप रहे इनके सपोले इस उम्मीद में है कि कोई बाहरी ताकत आये, मोदी जी को उठाये और ले जाए ! बकरी का बच्चा हैं मोदी जी ? या ये हमारा विशाल देश वेनेजुएला है ? अंग्रेजों को लात मारकर भगाया हमारे देश के महान स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों ने लेकिन हमारे पथभ्रष्ट अंग्रेज परस्त नेता जो अंग्रेजों द्वारा थोपे गए, ने देश की आतंरिक सुरक्षा से समझौता करते हुए वो विष पाल लिया जो धीरे धीरे फैलने की कोशिश में लगा रहा.
इतिहास गवाह है क्या क्या गुल नहीं खिलाये कांग्रेसियों ने लेकिन आश्चर्य तो ये है कि सिखों का नरसंहार करने वाले लोगो की पार्टी का कुछ सिख लोग भी समर्थन कर रहे है. चरणजीत चन्नी जैसे चरण चुम्बक पंजाब में ईसाई धर्म को गुपचुप समर्थन दे गए, कांग्रेस ने फिलिस्तीन की आवाज़ उठाई, मणिपुर की उठाई लेकिन बंगलादेश में हिन्दुओं की हत्या पर चुप्पी साध ली ! कांग्रेस की इक्षाशक्ति सिर्फ हिन्दुओं के खिलाफ थी है और रहेगी ऐसा प्रतीत होता है. नक्सल समस्या थी नहीं बनाई गई, इसकी आड़ में जितना धर्मपरिवर्तन हुआ है वो एजेंसियों से छुपा नहीं होगा लेकिन कांग्रेस का समर्थन इन सब देश विरोधी गतिविधियों के साथ था.
रेहान वढेरा जो प्रियंका गांधी और रोबर्ट वढेरा का बेटा है अब नाम बदल कर रेहान राजीव गाँधी लिख रहा ! क्यों ? न तो इंदिरा गाँधी महात्मा गाँधी की पुत्री थी, न राहुल गाँधी ही महात्मा गांधी के परिवार से था और अब रेहान गाँधी ?? ये किस तरह का षड्यंत्र रचा जा रहा ? दरअसल कांग्रेस के पीछे जो लोग उनकी रणनीति बना रही है प्रारम्भ से उसे पता है इस देश में क्या किया जा सकता है, हिन्दुओं को बांटा और प्रयास जारी है, मुस्लिमों को माई बाप बनाकर रखा और ईसाईयों को फलने फूलने दिया गया. कांग्रेस ने किसान आंदोलन करवाया और यहाँ तक कहा गया कि अमरिंदर सिंह ने कनाडा की मदद लेते हुए इस कार्य को अंजाम दिया हालाँकि इसकी पुष्टि किसी ने भी नहीं की, दिल्ली में एन आर सी इत्यादि के लिए महीनों जाम लगाया गया, बॉर्डर रोकने की कोशिश की गई, कहीं पेगासस, कही वोट चोरी कहीं संविधान खतरे में है का पूर्वाग्रह बनाने की कोशिश हुई और इस कोशिश में देश के उन्ही जयचंदो ने देश के भोले भाले लोगों को उकसाने की कोशिश की, उत्तर प्रदेश, मध्यप्रदेश, हरियणा, छत्तीसगढ़, महाराष्ट्र और बिहार चुनावों के ठीक पहले ये सब कोशिशे हुई, अडानी का मुद्दा उठाकर शेयर मार्किट क्रेश कराने की भी कोशिशें हुई.

राहुल गांधी पिछले कुछ दिनों से विदेश जाकर नया एजेंडा लेकर आते है और उनके जयचंद जैसे मित्र पूरे देश में उससे अराजकता फैलाने का प्रयास करते है. देश का नागरिक अब मूर्ख बनने तैयार नहीं, मोदी जी को पूर्ण समर्थन है और यदि किसी को ये मुगालते है कि मोदी जी को मदेरो जैसे लिया जा सकता है तो इस देश के बारे में उसका ज्ञान बहुत कम है और वे कितने भी मीरजाफर बने या जयचंद बने उन्हें समय आने पर निपटा दिया जाएगा।

देश में देखिये कितनी छूट है, दूसरे विदेशी राजदूत रूस के राष्ट्रपति के आने के पहले अपना लेख हमारे अख़बारों में छपवा लेते है, अभी हाल में ममदानी ने उमर खालिद की जमानत सुनवाई के पहले एक अघोषित फरमान जारी कर हमारी अदालतों पर अपना दबाव बनाने की कोशिश की है. लेकिन देखना ये होगा कि क्या होता है ऐसी हरकतों का. और कितनी छूट चाहिए इस देश में ?
विरोधी न्यूज चैनल को बीजेपी का सोशल मिडिया साधने की असफल कोशिश कर रहा, राष्ट्रवादी यू ट्यूबर्स को ग्रांटेड ले रहा, ब्राह्मणो को अपने से दूर कर रहा है और नाहक उन शक्तियों को प्रशय दे रहा है जो बीजेपी की आज के दौर में खामियां उजागर करता है. देश में सफाई का इससे अच्छा अवसर नहीं आएगा जब आप राष्ट्र निर्माण के लिए मजबूत कदम उठा सकते है और इसके लिए २०२९ जीतना बहुत जरुरी है. मोहन यादव् जैसे नेताओं को समझाइश देनी होगी, योगी जी के खिलाफ किसी भी तरह की मुहिम बंद करनी होगी, अनिल मिश्र जैसी घटनाओं पर रोक लगानी होगी, इस बार आप सुरक्षित है लेकिन आज यदि चुनाव हों तो मध्यप्रदेश और छत्तीसगढ़ दोनों में २० के ऊपर सीट नहीं आयेंगी। अंतरकलह उस पार्टी में जो अनुशासन के चलते आज इस स्तर पर पहुंची है लेकिन आज सारे घोड़े अलग अलग दिशाओं में अपने स्वार्थ के चलते दौड़ते नजर आ रहे. कल छत्तीसगढ़ में पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के चिरंजीव को जमानत मिली शराब घोटाले के केस में और विजय जुलूस निकाला गया, एक नए नेता के उदय का आगाज है ये. इस घटना को हल्के में यदि कोई ले रहा तो हम आज नहीं आने वाले समय में बात करेंगे।
बहरहाल मोदी जी को इस देश में समर्थन और शक्ति देना हर नागरिक का दायित्व है, देशहित और राष्ट्र निर्माण में कम से कम ५ वर्ष और दीजिये। भविष्य हमारे लोगों का होगा और कांग्रेस और उसकी कुत्सित राजनीति पूरी तरह जमींदोज होगी।
स्वार्थ से परे राष्ट्र चिंतन करें – गिरीश मिश्र

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here