Home छत्तीसगढ़ नशा केवल शरीर को ही नहीं, बल्कि भविष्य को भी धीरे-धीरे नष्ट...

नशा केवल शरीर को ही नहीं, बल्कि भविष्य को भी धीरे-धीरे नष्ट कर देता है” — डॉ. प्रिया सोनपर

18
0

(*आईईएचई, भोपाल में ‘नशामुक्त परिसर’ विषय पर विशेष व्याख्यान आयोजित)*

दिनांक 17 फरवरी 2026 को उच्च शिक्षा उत्कृष्टता संस्थान (आईईएचई), भोपाल में संस्थान के संचालक डॉ.प्रज्ञेश कुमार अग्रवाल के मार्गदर्शन में मनोबल प्रकोष्ठ द्वारा ‘नशामुक्त परिसर (एक जागरूकता अभियान) / Drug Free Campus (An Awareness Campaign)’ विषय पर व्याख्यान आयोजित किया गया।
कार्यक्रम का उद्देश्य विद्यार्थियों को नशीले पदार्थों के दुष्परिणामों, उनसे बचाव के उपायों तथा मानसिक स्वास्थ्य के महत्व के प्रति सजग बनाना था, ताकि परिसर को पूर्णतः नशामुक्त और सकारात्मक वातावरण से परिपूर्ण बनाया जा सके।
कार्यक्रम का शुभारंभ सरस्वती पूजा के साथ हुआ। इसके पश्चात मनोबल प्रकोष्ठ की संयोजक डॉ. रचना ठाकुर ने प्रकोष्ठ का संक्षिप्त परिचय प्रस्तुत करते हुए कार्यक्रम की रूपरेखा से सभी को अवगत कराया। उन्होंने मनोविज्ञान एवं मनोरोग के मूलभूत पक्षों पर प्रकाश डालते हुए विद्यार्थियों के जीवन में मानसिक संतुलन, सकारात्मक सोच तथा स्वस्थ जीवनशैली की आवश्यकता को रेखांकित किया।
कार्यक्रम में मुख्य वक्ता एवं विषय विशेषज्ञ के रूप में उपस्थित डॉ. प्रिया सोनपर ( मनोरोग परामर्शदाता एवं समन्वयक हैप्पीनेस इंडेक्स राज्य आनंद संस्थान, भोपाल, मध्यप्रदेश) ने अपने विस्तृत व्याख्यान में बताया कि किस प्रकार वर्तमान समय में बच्चे और युवा विभिन्न सामाजिक, पारिवारिक तथा मनोवैज्ञानिक कारणों से नशीले पदार्थों की ओर आकर्षित हो रहे हैं। उन्होंने नशे के शारीरिक, मानसिक एवं सामाजिक दुष्प्रभावों का सरल एवं प्रभावी विश्लेषण करते हुए, इससे बचाव के व्यावहारिक उपाय सुझाये। साथ ही आत्मनियंत्रण, संवाद, सकारात्मक जीवनशैली तथा परिवार व समाज को महत्व देने पर विशेष बल दिया।
कार्यक्रम में प्रकोष्ठ के सभी सदस्य एवं विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक सहभागिता की तथा विषय से संबंधित महत्वपूर्ण जानकारियाँ प्राप्त कीं। संपूर्ण कार्यक्रम सुव्यवस्थित एवं सफलतापूर्वक संपन्न हुआ। अंत में उपस्थित सभी अतिथियों, वक्ताओं एवं विद्यार्थियों के प्रति आभार व्यक्त किया गया।
इस प्रकार मनोबल प्रकोष्ठ द्वारा आयोजित यह नशामुक्त परिसर (एक जागरूकता अभियान) कार्यक्रम विद्यार्थियों में मानसिक स्वास्थ्य के प्रति सजगता बढ़ाने तथा नशामुक्त जीवन के संकल्प को सुदृढ़ करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण एवं प्रेरणादायक पहल सिद्ध हुआ।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here